दिल्ली के न्यू उस्मानपुर में आधी रात चली गोलियों ने एक कारोबारी की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए। घर के बाहर फायरिंग, मौके से मिली धमकी भरी पर्ची और विदेश के नंबर से रंगदारी की मांग… आखिर इस वारदात के पीछे कौन था और किसके इशारे पर कारोबारी को डराने की साजिश रची गई? पुलिस ने मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि दो कथित शूटर अभी भी फरार हैं।
पुलिस के मुताबिक, यह घटना 15 अक्टूबर की रात करीब 12 बजकर 55 मिनट की है। कारोबारी गांधी नगर के कपड़ा बाजार में टी-शर्ट की थोक दुकान चलाता है। आरोप है कि बदमाशों ने कारोबारी पर दबाव बनाने और उससे लाखों रुपये वसूलने के इरादे से उसके घर के बाहर गोली चलाई। घटनास्थल से एक धमकी भरी पर्ची भी बरामद हुई। कारोबारी ने अमेरिका के एक अंतरराष्ट्रीय नंबर से रंगदारी मांगने की शिकायत भी दी।
जांच के दौरान पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से आरोपियों की पहचान की। पुलिस ने एकांत भाटी उर्फ संजू भाटी, जिसे ‘मास्टरजी’ के नाम से जाना जाता है, को 16 अक्टूबर को गिरफ्तार किया। इसके बाद 17 अक्टूबर को मोंटी, आकाश उर्फ वीरू और आशीष डेड्ढा को भी पकड़ लिया गया।
पुलिस ने आरोपियों के पास से तीन मोबाइल फोन बरामद किए हैं। आशीष डेड्ढा के खिलाफ पहले से तीन आपराधिक मामले दर्ज बताए गए हैं। फिलहाल पुलिस फरार शूटरों की तलाश कर रही है और रंगदारी की इस साजिश से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच जारी है।
रिपोर्ट - ज्योति सिंह


