देश की राजधानी दिल्ली में नकली दवाइयों के अंतरराज्यीय नेटवर्क के खिलाफ दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच की साइबर सेल को बड़ी सफलता मिली है। लंबे समय से नकली दवाइयों के निर्माण और सप्लाई में सक्रिय गिरोह के सरगना को गिरफ्तार कर पुलिस ने इस संगठित अपराध नेटवर्क पर बड़ा प्रहार किया है। इस कार्रवाई के साथ अब तक इस मामले में कुल 10 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि आरोपी नामी दवा कंपनियों के नकली पैकेजिंग मटेरियल, लेबल, रैपर और ट्रेडमार्क का इस्तेमाल कर बिल्कुल असली जैसी दिखने वाली नकली दवाइयों का निर्माण कर रहे थे। इसके बाद इन दवाइयों को विभिन्न राज्यों में सप्लाई किया जाता था। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरोह विशेष रूप से गंभीर बीमारियों के इलाज में उपयोग होने वाली दवाइयों की नकली खेप बाजार में उतार रहा था, जिससे मरीजों के स्वास्थ्य और जीवन पर गंभीर खतरा मंडरा रहा था।
दिल्ली पुलिस का कहना है कि इस गिरोह के पूरे नेटवर्क की जांच जारी है और सप्लाई चेन से जुड़े अन्य लोगों की भी पहचान की जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि आगे की जांच में कई और महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं।
यह सफल अभियान इंस्पेक्टर मनजीत कुमार के नेतृत्व में, एसीपी पाटिल स्वागत राजकुमार के मार्गदर्शन तथा डीसीपी आदित्य गौतम के पर्यवेक्षण में संचालित किया गया। दिल्ली पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नकली दवाइयों के कारोबार में शामिल किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।
रिपोर्ट - ज्योति सिंह

