बाल सुरक्षा माह 2026 के तहत दिल्ली पुलिस के आउटर नॉर्थ डिस्ट्रिक्ट ने रोहिणी के शहीद सुखदेव कॉलेज ऑफ़ बिज़नेस स्टडीज़ में छात्राओं के लिए एक मेगा काउंसलिंग सेशन आयोजित किया। "सुरक्षित लड़की और सुरक्षित भविष्य" थीम पर आयोजित इस कार्यक्रम में आउटर नॉर्थ डिस्ट्रिक्ट के 151 स्कूलों से 400 से अधिक छात्राओं ने भाग लिया। कार्यक्रम में दिल्ली पुलिस के नॉर्दर्न रेंज के जॉइंट कमिश्नर ऑफ़ पुलिस मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे।
इस विशेष सेशन का उद्देश्य छात्राओं को व्यक्तिगत सुरक्षा, साइबर सुरक्षा, कानूनी अधिकारों और आत्मरक्षा के प्रति जागरूक बनाकर उन्हें आत्मविश्वासी और सशक्त करना था। कार्यक्रम के दौरान पहल NGO, ANAJ फाउंडेशन, कानूनी विशेषज्ञों और MAIMS की डॉ. दीपा कौशिक ने गुड टच-बैड टच, साइबर अपराध से बचाव, डिजिटल साक्ष्य, ज़ीरो FIR, महिला एवं बाल सुरक्षा तथा आपात परिस्थितियों से निपटने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी दी।
दिल्ली पुलिस की 'परिवर्तन' टीम ने आत्मरक्षा का लाइव प्रदर्शन करते हुए छात्राओं को रोज़मर्रा की वस्तुओं का उपयोग कर अपनी सुरक्षा करने के व्यावहारिक तरीके भी सिखाए। कार्यक्रम के दौरान छात्राओं और शिक्षकों ने विशेषज्ञों से सवाल-जवाब किए, जिससे यह संवादात्मक सत्र और अधिक प्रभावी बना।
मुख्य अतिथि ने अपने संबोधन में कहा कि बच्चों और विशेषकर बेटियों के लिए सुरक्षित वातावरण तैयार करना दिल्ली पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। कार्यक्रम के अंत में विशेषज्ञों और सहयोगी संस्थाओं को सम्मानित किया गया तथा स्कूल प्रतिनिधियों को जागरूकता सामग्री वितरित की गई। दिल्ली पुलिस ने स्कूलों, अभिभावकों और समाज के साथ मिलकर हर बच्ची के सुरक्षित और सशक्त भविष्य के लिए निरंतर कार्य करने का संकल्प दोहराया।
रिपोर्ट - ज्योति सिंह

