दिल्ली पुलिस ने UPI फ्रॉड के एक शातिर आरोपी 22 वर्षीय निखिल यादव को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि वह दुकानदारों को पहले पेमेंट का फर्जी स्क्रीनशॉट दिखाकर भरोसे में लेता था और बाद में उनके मोबाइल फोन तक पहुंच बनाकर बैंक खाते से पैसे ट्रांसफर कर देता था।
मामला सदर बाजार की कपड़े की दुकान से सामने आया, जहां दुकानदार विष्णु कुमार गोयल से खरीदारी के बाद आरोपी ने नकली पेमेंट स्क्रीनशॉट दिखाया। जब दुकानदार को पैसे नहीं मिले, तो आरोपी ने पेमेंट की समस्या ठीक करने के बहाने उसके मोबाइल तक पहुंच बनाई और करीब 1 लाख रुपये खाते से निकाल लिए।
जांच के दौरान पुलिस ने बैंकिंग, UPI ट्रांजैक्शन और टेलीकॉम रिकॉर्ड का तकनीकी विश्लेषण किया। इससे एक म्यूल बैंक अकाउंट का पता चला, जिसका इस्तेमाल ठगी की रकम ट्रांसफर करने के लिए किया गया था। पुलिस ने शाहीन नाम की 27 वर्षीय महिला और उसके बाद तरुण नाम के 25 वर्षीय युवक को गिरफ्तार किया। पूछताछ में सामने आया कि रकम नकद के जरिए निखिल तक पहुंचाई गई थी।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी दिल्ली और मुंबई में दर्ज सात अन्य मामलों में भी शामिल रहा है। अब तक सामने आए मामलों में कुल 30.81 लाख रुपये से ज्यादा की ठगी का पता चला है। पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है।
रिपोर्ट - ज्योति सिंह

